
मुंबई को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के लिए नए प्रयोगों में सफाई कर्मचारियों का योगदान अमूल्य : अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त डॉ. अश्विनी जोशी
स्वच्छता कार्य के साथ-साथ विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट उपलब्धियां हासिल करने वाले सफाई कर्मचारियों का सम्मान
मुंबई को स्वच्छ बनाए रखने के लिए हाथों में झाड़ू लेकर दिन-रात मेहनत करने वाले हजारों सफाई कर्मचारियों के कारण ही इस महानगर की सुंदरता कायम है। स्वच्छता के लिए स्वयं को समर्पित करने वाले सफाई कर्मचारियों की सेवा ही सच्ची देशसेवा है, ऐसा मत श्रीमती अमृता देवेंद्र फडणवीस ने व्यक्त किया।
स्वच्छता कार्य के साथ-साथ विभिन्न क्षेत्रों में अपने कार्य और उपलब्धियों की अमिट छाप छोड़ने वाले 13 सफाई कर्मचारियों का सम्मान कल (17 जून 2026) बांद्रा स्थित बालगंधर्व रंगमंदिर में किया गया। इस अवसर पर श्रीमती फडणवीस संबोधित कर रही थीं।
इस कार्यक्रम में अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त (शहर) डॉ. (श्रीमती) अश्विनी जोशी, अभिनेता सोनू सूद, उप आयुक्त (घनकचरा प्रबंधन) किरण दिघावकर, उप आयुक्त (परिमंडल-3) विश्वास मोटे, संपादक पराग करंदीकर, सहायक आयुक्त (एच पश्चिम विभाग) दिनेश पल्लेवाड तथा मुख्य अभियंता (घनकचरा प्रबंधन) विनायक भट उपस्थित थे।
अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त (शहर) डॉ. अश्विनी जोशी ने कहा कि मुंबई महानगर को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के लिए घनकचरा प्रबंधन विभाग के माध्यम से अनेक उपक्रम और उपाय योजनाएं लागू की जाती हैं। ‘पिंक आर्मी’ के माध्यम से दूसरे सत्र में सफाई कार्य किया जाता है। सामूहिक सफाई तथा गहन सफाई जैसे अभियान चलाए जाते हैं। घनकचरा प्रबंधन नियम लागू होने से पहले ही विशेष देखभाल योग्य कचरे के संग्रहण के लिए नागरिकों को ‘येलो बैग’ उपलब्ध कराने वाली बृहन्मुंबई महानगरपालिका देश की पहली महानगरपालिका है। प्रतिदिन लगभग 7 हजार टन कचरे का वैज्ञानिक तरीके से प्रसंस्करण और निपटान किया जाता है। यह सफाई कर्मचारियों के अथक प्रयासों और योगदान से ही संभव हो पाया है।
अभिनेता सोनू सूद ने कहा कि मुंबई को लगातार स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के लिए दिन-रात मेहनत करने वाले सफाई कर्मचारी ही वास्तविक नायक (रियल हीरो) हैं। देश की धड़कन और हर नागरिक के हृदय की धड़कन यही सफाई कर्मचारी हैं। उनका इस प्रकार सम्मान किया जाना गर्व की बात है।
इस अवसर पर संगीत की धुनों के साथ रेत कला (सैंड आर्ट) का प्रदर्शन भी किया गया, जिसमें कलाकार ने रेत से विभिन्न कलाकृतियां बनाकर प्रस्तुत कीं।
बृहन्मुंबई महानगरपालिका और टाइम्स ऑफ इंडिया समूह के संयुक्त तत्वावधान में ‘टाइम्स सम्मान’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया था।
टाइम्स सम्मान प्राप्त सफाई कर्मचारी
1. ईमानदारी और जनसेवा – श्री दिनेश रमेश पाबरेकर (बी विभाग)
वर्ष 2024 में ड्यूटी के दौरान ₹11,000 से भरा हुआ बटुआ उसके वास्तविक मालिक को लौटाकर ईमानदारी और निस्वार्थ सेवा का उदाहरण प्रस्तुत किया।
2. शैक्षणिक उत्कृष्टता – श्री जितेंद्र महादेव सोनवणे (सी विभाग)
इनकी पुत्री ने बीडीएस (बैचलर ऑफ डेंटल सर्जरी) की डिग्री प्राप्त कर विभाग का गौरव बढ़ाया।
3. ईमानदारी और जनसेवा – श्रीमती नानी बेन कोली (डी विभाग)
नवंबर 2024 में नकद राशि और महत्वपूर्ण दस्तावेजों से भरा खोया हुआ बटुआ उसके वास्तविक मालिक को लौटाया।
4. ईमानदारी और जनसेवा – श्री सचिन सिताराम कांबले (ई विभाग)
स्थानीय प्रशासन की सहायता से ₹40,000 से ₹45,000 मूल्य का सोने का ब्रेसलेट उसके वास्तविक मालिक को वापस दिलाया।
5. पारिवारिक शैक्षणिक उपलब्धि – श्रीमती अलका पांडुरंग पवार (एफ उत्तर विभाग)
इनके पुत्र ने एमबीबीएस, एमएस (नेत्र रोग) तथा FICO (यूके) जैसी उच्च चिकित्सा योग्यताएं प्राप्त की हैं और वे एक योग्य नेत्र विशेषज्ञ हैं।
6. शैक्षणिक प्रगति – श्री अमोल प्रभाकर गामरे (जी उत्तर विभाग)
सेवा के दौरान बीए, एमए और एलएलबी की डिग्रियां प्राप्त कीं।
7. ईमानदारी और जनसेवा – श्री मंगेश महादेव जाधव (जी उत्तर विभाग)
जनवरी 2026 में नकद राशि और महत्वपूर्ण दस्तावेजों वाला खोया हुआ बटुआ उसके वास्तविक मालिक को लौटाया।
8. अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक उपलब्धि – श्री राघव कालू मारू (एच पूर्व विभाग)
इनकी पुत्री ने बी.ई. (मैकेनिकल) तथा पुत्र ने एमबीए पूर्ण कर कनाडा में उच्च शिक्षा प्राप्त की।
9. कला एवं सांस्कृतिक योगदान – श्री संगम गंगाराम तांबे (एच पश्चिम विभाग)
अंतरविभागीय नाट्य प्रतियोगिताओं और स्वच्छ भारत अभियान में उल्लेखनीय योगदान दिया तथा एक नाट्य कलाकार के रूप में अनेक पुरस्कार प्राप्त किए।
10. व्यावसायिक उपलब्धि – श्री दीपक मांगा सोलंकी (पी दक्षिण विभाग)
इनके पुत्र ने चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) की प्रतिष्ठित व्यावसायिक योग्यता प्राप्त की।
11. ईमानदारी और जनसेवा – श्री सुरेश नामदेव कांबले (आर मध्य विभाग)
दिसंबर 2025 में नकद राशि और महत्वपूर्ण दस्तावेजों से भरा खोया हुआ बटुआ उसके वास्तविक मालिक को लौटाकर ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और जनसेवा का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया।
12. शैक्षणिक उत्कृष्टता – श्री पालजी रत्नाभाई झाला (आर उत्तर विभाग)
इनकी पुत्री ने आयुर्वेद शाखा में एम.डी. की उपाधि प्राप्त की।
13. शैक्षणिक एवं व्यावसायिक प्रगति – श्री गिरीश चिमाजी जाधव (आर दक्षिण विभाग)
रात्रि पाली में कार्य करते हुए डिप्लोमा इन सिविल इंजीनियरिंग, बी.ई. (सिविल), सैनिटरी इंस्पेक्टर डिप्लोमा तथा विभिन्न सॉफ्टवेयर प्रमाणपत्र प्राप्त किए।
